उच्च शिक्षा के प्रसार के पावन उद्देश्य को फलीभूत करने के लिए ग्रामीण आंचल के यशस्वी, प्रतिष्ठित,उदार एवं जागरूक शिक्षा प्रेमियों के सतत् प्रयास से मिहिर भोज स्नातकोत्तर महाविद्यालय की स्थापना वर्ष 1968 में हुई। महाविद्यालय की विकास यात्रा की शुरूआत वर्ष 1944 में अयोध्या गंज दादरी में स्थापित एक छोटी पाठशाला से हुई। क्षेत्र की शिक्षा की आवश्यकताओं को मूर्तरूप देने हेत गुर्जर विद्या सभा दादरी ने अथक प्रयासों से सैनिक पड़ाव की 52.24 एकड़ भूमि को उत्तर प्रदेश शासन से विद्यालय स्थापना हेतु प्राप्त किया। वर्ष 1949 में पं० गोविन्द बल्लभ पंत, तत्कालीन प्रधानमन्त्री, संयुक्त प्रदेश के करकमलों से गुर्जर ए० एस० हाईस्कूल की स्थापना हुई। वर्ष 1953 में इस विद्यालय को माध्यमिक महाविद्यालय का दर्जा प्रदान किया गया एवं 1968 में मिहिर भोज महाविद्यालय की स्थापना हुई जिसकी आधारशिला डॉ० त्रिगुणा सेन, तत्कालीन शिक्षा मन्त्री, भारत सरकार ने रखी।
वर्ष 1968 में महाविद्यालय को विज्ञान संकाय में गणित, रसायन विज्ञान एवं भौतिकी विज्ञान विषयों में स्नातक स्तर तक मान्यता प्राप्त हुई। वर्ष 1970 में महाविद्यालय को स्नातक (जीव विज्ञान) को मान्यता प्राप्त हुई। क्षेत्र की आवश्यकताओं को देखते हुए कला संकाय की स्थापना अंग्रेजी, इतिहास, हिन्दी, अर्थशास्त्र एवं राजनीति विज्ञान विषयों के साथ 1979 में हुई।...